राष्ट्रीय क्षय उन्मूलन कार्यक्रम : टीबी मुक्त भारत अभियान में आगरा प्रदेश में अव्वल
Mon, Jul 6, 2026
आगरा। राष्ट्रीय क्षय उन्मूलन कार्यक्रम के अंतर्गत संचालित टीबी मुक्त भारत अभियान के तहत 24 मार्च, 2026 से 07 जून, 2026 की अवधि के लिए सेंट्रल टीबी डिवीजन, नई दिल्ली एवं स्टेट टीबी सेल, लखनऊ द्वारा जारी जनपदवार प्रदर्शन रैंकिंग में जनपद आगरा ने उत्तर प्रदेश में प्रथम स्थान प्राप्त कर उल्लेखनीय उपलब्धि हासिल की है।
मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ अरुण कुमार श्रीवास्तव ने इस उपलब्धि पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि जनपद आगरा की यह सफलता जिला क्षय रोग अधिकारी डॉ सुखेश गुप्ता के नेतृत्व में स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों एवं कर्मचारियों, राष्ट्रीय क्षय उन्मूलन कार्यक्रम की समर्पित टीम, चिकित्सकों, लैब टेक्नीशियन, आशा कार्यकर्ताओं, निक्षय मित्रों तथा सभी सहयोगी संस्थाओं के सामूहिक प्रयासों का परिणाम है।
उन्होंने कहा कि टीबी मरीजों की समय पर पहचान, आधुनिक तकनीकों के माध्यम से गुणवत्तापूर्ण जांच, शीघ्र उपचार प्रारम्भ करना, टीबी निवारक उपचार (ज्च्ज्) का प्रभावी क्रियान्वयन, निक्षय पोषण सहायता तथा मरीजों की नियमित फॉलो-अप व्यवस्था ने जनपद को इस उत्कृष्ट उपलब्धि तक पहुँचाया है।
जिला क्षय रोग अधिकारी डॉ सुखेश गुप्ता ने बताया कि यह रैंकिंग टीबी उन्मूलन कार्यक्रम के छह प्रमुख प्रदर्शन सूचकांकों के आधार पर जारी की गई। आगरा ने सभी छह इंडिकेटर्स एक्स-रे एलिमिनेशन रेट, नाट टेस्ट, डिफरेंसिएटेड टीबी केयर, टीपीटी हाउस होल्ड कॉन्टेक्ट, टीबी मरीजों को न्यूट्रिशन किट की उपलब्धता और डीएसटीबी की सफलता दर में उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए प्रत्येक में निर्धारित 3 में से 3 अंक प्राप्त किए तथा कुल 18 में से 18 अंक (100 प्रतिशत) अर्जित कर प्रदेश में शीर्ष स्थान प्राप्त किया।
डीटीओ डॉ सुखेश गुप्ता ने जनपदवासियों से अपील की है कि यदि किसी व्यक्ति को दो सप्ताह या उससे अधिक समय से लगातार खाँसी, बुखार, वजन में कमी, भूख न लगना अथवा बलगम में खून आने जैसे लक्षण हों तो निकटतम सरकारी स्वास्थ्य केन्द्र पर निःशुल्क टीबी जांच अवश्य कराएँ। समय पर जांच और उपचार से टीबी पूर्णतः ठीक हो सकती है। जनसहभागिता एवं जागरूकता के माध्यम से ही टीबी मुक्त आगरा और टीबी मुक्त भारत का लक्ष्य साकार किया जा सकता है।
इन इंडिकेटर्स में पाई सफलता
• एक्स-रे एलिमिनेशन रेट
• नाट टेस्ट
• डिफरेंसिएटेड टीबी केयर
• टीपीटी हाउस होल्ड कॉन्टेक्ट
• टीबी मरीजों को न्यूट्रिशन किट की उपलब्धता
• डीएसटीबी की सफलता दर
शिवहरे समाज : शिवहरे समाज के शिविर में 55 यूनिट रक्तदान
Mon, Jul 6, 2026
आगरा। शिवहरे समाज एकता परिषद की ओऱ से समर्पण ब्लड बैंक में आयोजित शिविर में कुल 55 यूनिट रक्तदान हुआ। परिषद के पूर्व अध्यक्ष स्व. श्री अतुल शिवहरे की स्मृति में यह द्वितीय रक्तदान शिविर था। शिविर का शुभारंभ सहकारी समिति के चेयरमैन केके शिवहरे, बिजनेश शिवहरे, अरविंद शिवहरे, कमल गुप्ता एडवोकेट, कुलभूषण गुप्ता औऱ रामसिया विकास गुप्ता ने स्व. श्री अतुल शिवहरे के चित्र पर माल्यार्पण कर किया।
शिविर में प्रस्ताव रखा गया कि सड़क हादसों को रोकने के लिए युवा वॉलेंटियर्स की एक टीम बनाई जाए तो अपने संसाधनों से सुबह दो घंटे सड़कों के गड्ढों की मरम्मत का कार्य करे। साथ ही समाज का प्रत्येक व्यक्ति दोपहिया वाहन चलाते हुए हेलमेल अवश्य पहने। इन दोनों प्रस्तावों की सभी ने करतल ध्वनि से सराहना की।
रक्तदान शिविर में परिषद के अध्यक्ष डा. गौरव गुप्ता, अंशुल शिवहरे, हिमांशु शिवहरे, अंकुर शिवहरे, वरुण गुप्ता एडवोकेट, पंकज शिवहरे, नवीन शिवहरे, कुशल शिवहरे, सुनील शिवहरे, सावन शिवहरे, विकास गुप्ता, सचिन गुप्ता, विवेक गुप्ता, नवनीत गुप्ता, अमित गुप्ता, अनुज गुप्ता आदि ने योगदान दिया। कार्यक्रम का संचालन अमित शिवहरे ने किया।
सघन पल्स पोलियो अभियान : सीएमओ ने निष्ठा और अक्षत को पोलियो खुराक पिलाकर किया अभियान का शुभारंभ
Sun, Jun 28, 2026
• पोलियो की दवा अवश्य पिलाएं- सीएमओ
• 2703 बूथों पर पिलाई गई पोलियो की दवा
• आज से घर-घर जाकर पोलियो की दवा पिलाएंगी टीमें
आगरा। मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. अरुण श्रीवास्तव ने आयुष्मान आरोग्य मंदिर, जीवनीमंडी पर तीन वर्षीय निष्ठा और एक वर्षीय अक्षत को पोलियो की खुराक पिलाकर सघन पल्स पोलियो अभियान का शुभारंभ किया। इस दौरान सीएमओ ने जनपद के सभी अभिभावकों से 0-5 साल तक के बच्चों को पोलियो की खुराक पिलाने की अपील की।
सीएमओ ने कहा कि भारत ने मिथकों और भ्रांतियों को तोड़कर देश को पोलियो मुक्त बना दिया है। लेकिन पड़ोसी देशों पाकिस्तान और अफगानिस्तान में अभी भी पोलियो का पूरी तरह उन्मूलन नहीं हो सका है। चूंकि इन देशों में पोलियो का वायरस मौजूद है, इसलिए एहतियात के तौर पर भारत के शून्य से पांच साल तक के हर बच्चे को पोलियो से पूर्ण रूप से प्रतिरक्षित करना अनिवार्य है। इसलिए हर अभिभावक की जिम्मेदारी है कि वह अपने बच्चों को पोलियो की खुराक जरूर पिलवाए। उन्होंने बताया कि 29 जून से 3 जुलाई तक स्वास्थ्य विभाग की टीम घर-घर जाकर पोलियो की दवा पिलाएगी।
जिला प्रतिरक्षण अधिकारी डॉ. उपेंद्र कुमार ने बताया कि जिले में रविवार को आयोजित बूथ दिवस पर 2703 बूथों पर पोलियो की दवा पिलाई गई। उन्होंने बताया कि पोलियो का टीका नियमित टीकाकरण कार्यक्रम में भी शामिल है । पल्स पोलियो का ड्रॉप जन्म के समय ही दिया जाता है। इसके अलावा छह, दस और चौदह सप्ताह पर भी यह ड्रॉप पिलाया जाता है। इसकी बूस्टर खुराक सोलह से चौबीस महीने की आयु में भी दी जाती है। पल्स पोलियो की दवा सुरक्षित और असरदार है।
आयुष्मान आरोग्य मंदिर, जीवनीमंडी की प्रभारी चिकित्सा अधिकारी डॉ. मेघना शर्मा ने बताया कि बूथ दिवस के शुभारंभ के दौरान सीएमओ ने वैक्सीन के रखरखाव की भी जानकारी ली।
ष्कमला नगर निवासी अतुल अग्रवाल (41) बताते हैं, श्मेरी 15 महीने की बेटी रियांशी का टीकाकरण समय पर करवाता हूं। पोलियो बूथ पर जाकर खुराक पिलवाता हूं। ये दवा पूरी तरह सुरक्षित है। मैं सभी माता-पिता से अपील करता हूं कि आप भी अपने 0-5 साल के बच्चों को पोलियो की खुराक जरूर पिलवाएं।
इस दौरान आयुष्मान आरोग्य मंदिर जीवनीमंडी की प्रभारी चिकित्सा अधिकारी डॉ मेघना शर्मा, डॉ. अंबिका, डॉ. ललित मिश्रा, विश्व स्वास्थ्य संगठन की एसएमओ डॉ. अमृता अग्रवाल, यूपीटीएसयू की प्रतिनिधि मोनिका सिंह, नर्सिंग स्टाफ अंजलि, सरिता, नीरज, एलटी राजीव, आईओ अभय, आशा कार्यकर्ता मधु सहित समस्त स्टाफ मौजूद रहा।
सघन पल्स पोलियो अभियान : एक नजर में
लक्षित लाभार्थी बच्चे : 684578
गृह भ्रमण टीम : 1761
ट्रांजिट टीम : 99
मोबाइल टीम : 45
अभियान के दौरान सहयोगात्मक पर्यवेक्षक के लिए कुल सुपरवाइजर- 530