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: रामा-राम रटते-रटते बीती रे उमरिया, कबंध वध एवं शबरी मिलन की लीला देख श्रोता हुए भाव विभोर

Pragya News 24

Thu, Sep 25, 2025
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आगरा। उत्तर भारत की प्रमुख श्रीराम लीला में गुरुवार को कबंध वध और शबरी मिलन लीला का मंचन किया गया। जिसमें शबरी की लीला को देख कर दर्शक भाव विभोर हो गए। इस मार्मिक लीला ने दर्शकों के नेत्र सजल कर दिए।

रामलीला में सर्व प्रथम कबंध राक्षस वध की लीला का मंचन किया गया। प्रभु श्री राम और लक्ष्मण, सीता माता को दंडक वन में खोज रहे थे, वहां उनका सामना अचानक एक विचित्र दानव से हुआ, जिसका मस्तक और गर्दन नहीं थे। धड़ में उसकी केवल एक ही आंख नजर आ रही थी। इस भयानक दैत्य का नाम कबंध था।

कबंध ने राम-लक्ष्मण को एक साथ पकड़ लिया। जिससे क्रोधित श्रीराम और लक्ष्मण ने कबंध की दोनों भुजाएं काट डालीं। कबंध ने भूमि पर गिर कर पूछा कि आप कौन हैं? जब कबंध का राम-लक्ष्मण से परिचय हुआ तो उसने कहा कि आपने मुझे बंधन मुक्त कर दिया। मैं राक्षसों जैसी भीषण आकृति बनाकर ऋषियों को डराया करता था इसीलिए मेरा यह हाल हो गया था। आपने मेरा उद्धार कर दिया। कबंध राक्षस को मोक्ष प्रदान कर श्रीराम और लक्ष्मण, शबरीजी के आश्रम में पधारे। इस दौरान वहां शबरी को गाते हुए पाया -
रामा रामा रटते रटते, बीती रे उमरिया। रघुकुल नंदन कब आओगे, भिलनी की डगरिया।

शबरी के मिलन को देख कर सभी दर्शक भाव विभोर हो गए थे। शबरी ने श्रीराम को एक-एक बेर चख कर खिलाए, ताकि कोई खट्टा बेर उन्हें नहीं खाना पड़े। तभी शबरी बोली, क्या आप रावण का वध करने जंगल में आए हैं, तब श्रीराम ने कहा कि मां! राम क्या रावण का वध करने आया है। अरे, रावण का वध तो लक्ष्मण अपने पैरों से बाण चला कर कर सकता है। राम हजारों कोस चल कर इस गहन वन में आया है तो केवल तुमसे मिलने।’’
‘‘राम वन में बस इसलिए आया है ताकि जब युगों का इतिहास लिखा जाए तो उसमें अंकित हो कि सत्ता जब पैदल चल कर समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचे, तभी वह रामराज्य है। राम वन में इसलिए आया है ताकि भविष्य स्मरण रखे कि प्रतीक्षा अवश्य पूरी होती है।
शबरी राम को एकटक निहारती रहीं। शबरी की आंखें भर आईं। वह मुस्कुराईं और बोलीं, ‘‘सचमुच तुम मर्यादा पुरुषोत्तम हो राम।’’

आज की लीला में भगवान श्री राम की आरती श्री हरि सत्संग समिति के अध्यक्ष शांति स्वरूप गोयल, संजय गोयल, अंशु अग्रवाल, सीमा अग्रवाल, पूजा बंसल, पूनम मित्तल के साथ मर्यादा पुरुषोत्तम भगवान श्री राम की आरती किन्नर समाज द्वारा की गई। किन्नर समाज से चांदनी रूबी, शब्बो, गौरी, राखी, छोटी प्रमुख रूप से उपस्थित थी।

इस अवसर पर रामलीला कमेटी के अध्यक्ष विधायक पुरुषोत्तम खंडेलवाल, महामंत्री राजीव अग्रवाल, भगवानदास बंसल, विजय प्रकाश गोयल, ताराचंद, प्रवीण गर्ग, संजय तिवारी, विष्णु दयाल, प्रकाशचंद, मनीष शर्मा, मनोज (पोली भाई), आयुष तार, शानू और राहुल गौतम प्रमुख रूप से मौजूद रहे।

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