Thu 01 Oct 2026
Breaking News Exclusive
“भुजबल बिस्व जितहिं दसकंधर”... तलवार लहराकर गरजा दशानन प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के विद्यार्थियों ने सीखे सफलता के मंत्र मां जानकी के जन्मोत्सव पर भावपूर्ण नृत्य की तैयारी, जनकपुरी महिला समिति जुटी रिहर्सल में महाराजा अग्रसेन जयंती पर अग्रसेन वाटिका में होगा विशाल एकता महायज्ञ मुख्य निर्वाचन आयुक्त के खिलाफ कांग्रेस का प्रदर्शन, काले कपड़ों में पहुंचीं महिला कांग्रेस की राष्ट्रीय सचिव संत रविदास जयंती पर तीन दिवसीय समरसता महोत्सव 2 से, संत शिरोमणि श्री गुरु रविदास जी महासभा द्वारा होगा आयोजन प्रथम पूज्य के आशीष से हुआ रामलीला महोत्सव का शुभारंभ, श्रद्धालुओं ने उतारी आरती लुहार गली व्यापार समिति के वार्षिकोत्सव में आठ वरिष्ठ व्यापारी सम्मानित रामबारात के स्वागत को सजेगा शमशाबाद, गांधी चौराहे पर होगी भव्य सजावट रामलीला महोत्सव-2026 की कार्यकारिणी घोषित, प्रवीण बंसल को राम बारात और राहुल शर्मा को श्रृंगार की जिम्मेदारी

सूचना

Pragya News 24 is News Blog to Providing all over News of World.

कावेरी मंदिर : “सीय राममय सब जग जानी…” के मधुर गान में सजी सीता-राम विवाह की दिव्य झांकी

Pragya News 24

Thu, Mar 26, 2026
Post views : 142

आगरा। कावेरी मंदिर कमेटी द्वारा कावेरी कुंज, कमला नगर स्थित कावेरी मंदिर में आयोजित नौ दिवसीय श्री राम कथा के पांचवें दिन कथा व्यास पंडित श्री भगवान भैया जी ने ऋषि विश्वामित्र द्वारा भगवान श्रीराम और लक्ष्मण को वन ले जाने से लेकर ताड़का वध, पुष्प वाटिका में माता सीता से प्रथम भेंट, स्वयंवर और सीता-राम विवाह प्रसंग का अत्यंत मनोहारी और भावपूर्ण वर्णन किया। कथा के दौरान श्रद्धालु भक्ति और आनंद में डूबे नजर आए।

व्यास पूजन दैनिक यजमान उमेश अग्रवाल, अजय अग्रवाल और मोहित राठौड़ ने किया। कथा व्यास ने बताया कि ऋषि विश्वामित्र भगवान श्रीराम और लक्ष्मण को राक्षसों से यज्ञ की रक्षा हेतु वन में लेकर गए, जहां भगवान श्रीराम ने ताड़का का वध कर धर्म की रक्षा की। यह प्रसंग हमें सिखाता है कि अधर्म और अन्याय का अंत करना ही धर्म का पालन है।

इसके उपरांत पुष्प वाटिका का प्रसंग अत्यंत भावपूर्ण रहा, जहां भगवान श्रीराम और माता सीता की प्रथम भेंट हुई। इस दिव्य मिलन का वर्णन करते हुए कथा व्यास ने कहा—“सीय राममय सब जग जानी, करउँ प्रणाम जोरि जुग पानी।” स्वयंवर प्रसंग में भगवान श्रीराम द्वारा भगवान शिव के धनुष को भंग कर माता सीता का वरण करना और उसके बाद सीता-राम विवाह का अलौकिक वर्णन सुनकर श्रद्धालु भाव-विभोर हो उठे। विवाह प्रसंग के दौरान पूरे पंडाल में मंगल गीत और भजनों की गूंज छा गई। सीता राम स्वरूपों की सभी श्रद्धालुओं ने आरती उतारी।

कावेरी मंदिर में श्री राम कथा के पांचवें दिन सीता-राम विवाह प्रसंग के अवसर पर आनंद उठाते श्रद्धालु।

कथा व्यास ने कहा कि श्रीराम और सीता का विवाह केवल एक वैवाहिक बंधन नहीं, बल्कि आदर्श दांपत्य जीवन, मर्यादा, प्रेम और समर्पण का सर्वोच्च उदाहरण है। यह प्रसंग हमें सिखाता है कि जीवन में रिश्तों की नींव विश्वास, त्याग और धर्म पर आधारित होनी चाहिए।

इस अवसर पर कन्हैयालाल अग्रवाल, देवेन्द्र अग्रवाल, आरके श्रोत्रिय, महेश मेघदूत, कन्हैया भटीजा, अतुल बंसल, गिरीश कुमार गुप्ता, राम प्रकाश अग्रवाल, राकेश गर्ग, रोहित केसवानी, अनुराग अग्रवाल, नितिन अग्रवाल, तुषार आदि उपस्थित रहे।

Tags :

Agra News

Pragya News

Uttar Pradesh News

UP News

विज्ञापन

विज्ञापन

जरूरी खबरें

विज्ञापन